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प्रेस विज्ञप्ति क्रमांक 40/ 2025 कवर्धा, दिनांक 16.09.2025 वनमण्डल अधिकारी श्री निखिल अग्रवाल के निर्देशन में आज दिनांक 16 सितम्बर 2025 को काष्ठागार हॉल, कवर्धा में वन अपराध प्रकरणों पर कार्यवाही विषयक एक दिवसीय प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण में सेवानिवृत्त उपवनमण्डलाधिकारी श्री जितेन्द्र ठाकुर द्वारा वन अपराध प्रकरणों से संबंधित महत्त्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान वन अपराध दर्ज करने की प्रक्रिया, स्थल पर तैयार किए जाने वाले अभिलेख एवं आवश्यक सावधानियां, केस डायरी संधारण, विभिन्न अधिनियमों के अंतर्गत अपराधों की पहचान, छत्तीसगढ़ काष्ठ चिरान अधिनियम, छत्तीसगढ़ वन उपज व्यापार विनियमन नियम, बढ़ईगिरी का पंजीयन एवं आरामशीन की जांच, जप्ती की प्रक्रिया, अतिक्रमण पर बेदखली की कार्यवाही तथा कोर्ट चालान की प्रक्रिया जैसे बिंदुओं पर विशेष रूप से चर्चा की गई। इस प्रशिक्षण में वनमण्डल कवर्धा के उपवनमण्डलाधिकारी, चयनित प्रशिक्षु वनक्षेत्रपाल, एस.सी.एफ.ओ., सी.एफ.ओ. एवं बी.एफ.ओ. सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।

प्रेस विज्ञप्ति

क्रमांक 40/ 2025 कवर्धा, दिनांक 16.09.2025

 

वनमण्डल अधिकारी श्री निखिल अग्रवाल के निर्देशन में आज दिनांक 16 सितम्बर 2025 को काष्ठागार हॉल, कवर्धा में वन अपराध प्रकरणों पर कार्यवाही विषयक एक दिवसीय प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण में सेवानिवृत्त उपवनमण्डलाधिकारी श्री जितेन्द्र ठाकुर द्वारा वन अपराध प्रकरणों से संबंधित महत्त्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान वन अपराध दर्ज करने की प्रक्रिया, स्थल पर तैयार किए जाने वाले अभिलेख एवं आवश्यक सावधानियां, केस डायरी संधारण, विभिन्न अधिनियमों के अंतर्गत अपराधों की पहचान, छत्तीसगढ़ काष्ठ चिरान अधिनियम, छत्तीसगढ़ वन उपज व्यापार विनियमन नियम, बढ़ईगिरी का पंजीयन एवं आरामशीन की जांच, जप्ती की प्रक्रिया, अतिक्रमण पर बेदखली की कार्यवाही तथा कोर्ट चालान की प्रक्रिया जैसे बिंदुओं पर विशेष रूप से चर्चा की गई।

 

इस प्रशिक्षण में वनमण्डल कवर्धा के उपवनमण्डलाधिकारी, चयनित प्रशिक्षु वनक्षेत्रपाल, एस.सी.एफ.ओ., सी.एफ.ओ. एवं बी.एफ.ओ. सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।

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मुख्यमंत्री की मंशा अनुरूप विकास कार्यों में ठोस प्रगति लाना सुनिश्चित करें-कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा कलेक्टर गोपाल वर्मा ने समय सीमा की बैठक में विभागवार कार्यों की विस्तृत समीक्षा की धान खरीदी की तैयारी पूर्ण करने के दिए निर्देश, 15 नवंबर से होगी खरीदी प्रारंभ प्रधानमंत्री जनमन योजना एवं निर्माण कार्यों की प्रगति की गहन समीक्षा की किसानों के एग्रीस्टेक पोर्टल पंजीयन को सर्वोच्च प्राथमिकता से करने के दिए निर्देश कवर्धा 14 अक्टूबर 2025। कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में विभागवार कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में उन्होंने शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं सहित जिले में विशेष पिछड़ी जनजाति के लिए चलाए जा रहे प्रधानमंत्री जनमन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी योजनाओं में राज्य स्तर पर जिले की रैंकिंग को शीर्ष स्थान पर लाने के लिए संबंधित अधिकारी गंभीरतापूर्वक कार्य करें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से लंबित प्रकरणों की जानकारी लेते हुए कहा कि समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जिले में जितने भी कार्य चल रहे है उसकी प्रगति की समीक्षा के लिए फॉर्मेट बनाए। जिसके आधार पर प्रत्येक सप्ताह सभी कार्यों की प्रगति की स्थित की जानकारी हो। बैठक में अपर कलेक्टर श्री नरेंद्र पैकरा, श्री विनय पोयाम, डिप्टी कलेक्टर आर.बी. देवांगन, सर्व एसडीएम सहित जिले के अन्य अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर श्री वर्मा ने एग्रीस्टेक पोर्टल में किसानों के पंजीयन कार्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए इसे सर्वोच्च प्राथमिकता में रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले के प्रत्येक पात्र किसान का पंजीयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसानों को धान एवं अन्य खरीफ फसलों की बिक्री में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि जिले में 15 नवंबर से शासकीय समर्थन मूल्य पर धान खरीदी कार्य प्रारंभ किया जाएगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को धान खरीदी की सभी आवश्यक तैयारियाँ समय रहते पूर्ण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि खरीदी व्यवस्था पारदर्शी, सुगम और किसानों के हित में होनी चाहिए। उन्होंने निर्देशित किया कि प्रत्येक केंद्र में तोल कांटा, बोरी, तिरपाल, पानी एवं अन्य व्यवस्थाएँ पहले से सुनिश्चित कर ली जाएं ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने यह भी कहा कि अंतरराज्यीय सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष सतर्कता और निगरानी रखी जाए ताकि बाहरी राज्यों से धान की अवैध आवक को रोका जा सके। साथ ही, खरीदी कार्य के दौरान गुणवत्ता परीक्षण की व्यवस्था को भी सुदृढ़ करने पर बल दिया। कलेक्टर श्री वर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि धान खरीदी से संबंधित समस्त कार्यों की नियमित समीक्षा करते हुए किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। कलेक्टर श्री वर्मा ने प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत चल रहे निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि जिले में अनेक निर्माण कार्य सड़क, आवास स्वीकृत किए गए हैं। इन सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण करना अनिवार्य है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों में यदि किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न होती है, तो संबंधित विभाग समन्वय के साथ उसका त्वरित निराकरण सुनिश्चित करें। प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि जिन कार्यों की शुरुआत अब तक नहीं हुई है, उन्हें शीघ्र प्रारंभ किया जाए, इसके लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर ने राशन कार्ड ई-केवाईसी, चावल जमा प्रगति एवं सहकारी समितियों के गठन, स्कूली छात्र-छात्राओं के आय, जाति एवं निवास प्रमाणपत्रों, विद्यार्थियों के अपार आईडी की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत चल रहे कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन ग्रामों में जल जीवन मिशन के कार्य पूर्ण हो चुके हैं, वहां संबंधित ग्राम पंचायत से प्रमाणन (सर्टिफिकेशन) प्राप्त किया जाए। वहीं जिन ग्रामों में कुछ कार्य शेष हैं, उन्हें शीघ्र पूरा कर संबंधित पंचायत को हैंडओवर करना सुनिश्चित किया जाए। कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप प्रत्येक विकास कार्य में ठोस प्रगति लाना आवश्यक है, ताकि शासन की योजनाओं का लाभ आम जनता तक प्रभावी रूप से पहुँच सके। कलेक्टर श्री वर्मा ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने विभागों द्वारा संचालित योजनाओं एवं कार्यक्रमों के समुचित और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दें। योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाए, और जो योजनाएँ धीमी गति से चल रही हैं, उनमें तुरंत सुधारात्मक कदम उठाए जाएँ। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि शासन की मंशा जनता को पारदर्शी, संवेदनशील और त्वरित सेवा प्रदान करने की है। इसलिए प्रत्येक अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि जिले में चल रहे विकास कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरे हों और जनता को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि टीम भावना और आपसी समन्वय से ही जिले के विकास कार्यों में गति लाई जा सकती है, इसलिए सभी अधिकारी मिलजुलकर लक्ष्य प्राप्ति की दिशा में कार्य करें।

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*कबीरधाम जिले में डिजिटल पारदर्शिता की नई शुरुआत* *क्यूआर कोड से अब हर ग्राम पंचायत के कार्यों की मिलेगी जानकारी* *मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सुशासन नीति और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में ऐतिहासिक पहल* *468 ग्राम पंचायतों में क्यूआर कोड से उपलब्ध होगी मनरेगा कार्यों की पूरी जानकारी* *कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा बोले – जवाबदेही प्रशासन की दिशा में क्रांतिकारी कदम* कवर्धा, 4 सितंबर 2025। छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिला प्रशासन ने पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में शासन के निर्देशों को तेजी से अमल में लाया है। कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा के कुशल निर्देशन में डिजिटल इंडिया की तर्ज पर जिले में एक ऐतिहासिक कदम उठाया जा रहा है। अब कविरधाम जिले की सभी 468 ग्राम पंचायतों में महत्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत किए गए कार्यों की जानकारी आम ग्रामीण सीधे क्यूआर कोड स्कैन कर प्राप्त कर सकेंगे। यह पहल मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सुशासन नीति और उप मुख्यमंत्री, गृह एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन का परिणाम है, जिसका उद्देश्य ग्रामीणों को योजनाओं से संबंधित हर जानकारी सरल, त्वरित और पारदर्शी रूप से उपलब्ध कराना है। *क्यूआर से कैसे मिलेगी जानकारी?* जिला प्रशासन द्वारा सभी ग्राम पंचायतों और प्रमुख स्थानों पर क्यूआर कोड चस्पा किए जा रहे हैं। इस क्यूआर कोड को हर नागरिक अपने मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन करेगा सकेगा। उसके मोबाइल में उस ग्राम पंचायत के विगत 3 वर्षों के सभी कार्यों की सूची खुल जाएगी। जानकारी सीधे नरेगा सॉफ्ट सर्वर से जुड़ी होगी, जिससे डेटा पूरी तरह प्रमाणिक और वास्तविक होगा। *क्या-क्या जानकारी मिलेगी क्यूआर कोड से?* क्यूआर कोड से ग्राम पंचायत में हुए निर्माण कार्यों का पूरा ब्यौरा मिलेगा। मजदूरी भुगतान एवं सामग्री भुगतान की स्थिति की जानकारियां मिलेगी। रोजगार पाने वाले मजदूरों की संख्या की जानकारियां होगी।परिसंपत्तियों एवं आधारभूत ढांचे के निर्माण की जानकारी रहेंगी। कार्यों से जुड़ी अन्य वित्तीय एवं भौतिक जानकारी होगी। साथ ही नागरिकों के लिए टोल फ्री नंबर भी उपलब्ध रहेगा। *ग्रामीणों को होने वाला सीधा लाभ* कबीरधाम जिले में वर्तमान में 4,35,035 से अधिक ग्रामीण मनरेगा योजना में पंजीकृत हैं। अब तक उन्हें कार्यों से संबंधित केवल निर्माण स्थल पर लगे नागरिक सूचना पटल से सीमित जानकारी मिलती थी। लेकिन अब कोई भी ग्रामीण या उनका परिवारजन मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन कर विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकेगा। उन्हें जानकारी लेने के लिए न जनपद पंचायत जाना होगा और न जिला कार्यालय। पारदर्शिता के साथ-साथ ग्रामीणों का समय और संसाधन दोनों की बचत होगी। योजना की जवाबदेही सीधे जनता के हाथों में होगी। *बॉक्स समाचार* मनरेगा से जुड़े ग्रामीणों का आंकड़ा (कबीरधाम जिले में पंजीकृत) • जनपद पंचायत बोड़ला – 1,25,607 • जनपद पंचायत कवर्धा – 99,260 • जनपद पंचायत सहसपुर-लोहारा – 92,917 • जनपद पंचायत पंडरिया – 1,17,251 कुल – 4,35,035 पंजीकृत ग्रामीण *पारदर्शिता और जनभागीदारी की दिशा में क्रांतिकारी बदलाव :- कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा* कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने बताया जानकारी देते हुए बताया कि जनहितकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही प्रशासन का प्रमुख आधार है। सूचना का अधिकार अधिनियम पहले से प्रभावी है, लेकिन अब तकनीक के उपयोग से सूचनाएं और अधिक सरल, त्वरित एवं सुलभ हो रही हैं। ग्रामीण अपने गांव में ही लगे क्यूआर कोड को स्कैन कर योजना से जुड़े कार्यों का पूरा लेखा-जोखा तुरंत प्राप्त कर सकेंगे। जिला कार्यालय तक आने की आवश्यकता नहीं होगी। यह पहल सुशासन और जनभागीदारी की दिशा में क्रांतिकारी बदलाव है। *अब सीधे मोबाइल पर उपलब्ध होगी सभी जानकारियां:- जिला पंचायत सीईओ* जिला पंचायत श्री अजय त्रिपाठी ने बताया कि मनरेगा कार्यों की जानकारी अब सीधे मोबाइल पर उपलब्ध होगी। जिले में क्यूआर कोड चस्पा करने का काम तेज़ी से चल रहा है और आगामी 2-3 दिनों में यह कार्य पूरा हो जाएगा। हमारा लक्ष्य है कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में ही नहीं बल्कि प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर भी एक से अधिक क्यूआर कोड लगाए जाएं, ताकि हर ग्रामीण तक योजना की पारदर्शी जानकारी आसानी से पहुँच सके। समाचार क्रमांक-963/गुलाब डड़सेना फ़ोटो क्रमांक,01,02,03*कबीरधाम जिले में डिजिटल पारदर्शिता की नई शुरुआत* *क्यूआर कोड से अब हर ग्राम पंचायत के कार्यों की मिलेगी जानकारी* *मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सुशासन नीति और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में ऐतिहासिक पहल* *468 ग्राम पंचायतों में क्यूआर कोड से उपलब्ध होगी मनरेगा कार्यों की पूरी जानकारी* *कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा बोले – जवाबदेही प्रशासन की दिशा में क्रांतिकारी कदम* कवर्धा, 4 सितंबर 2025। छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिला प्रशासन ने पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में शासन के निर्देशों को तेजी से अमल में लाया है। कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा के कुशल निर्देशन में डिजिटल इंडिया की तर्ज पर जिले में एक ऐतिहासिक कदम उठाया जा रहा है। अब कविरधाम जिले की सभी 468 ग्राम पंचायतों में महत्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत किए गए कार्यों की जानकारी आम ग्रामीण सीधे क्यूआर कोड स्कैन कर प्राप्त कर सकेंगे। यह पहल मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सुशासन नीति और उप मुख्यमंत्री, गृह एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन का परिणाम है, जिसका उद्देश्य ग्रामीणों को योजनाओं से संबंधित हर जानकारी सरल, त्वरित और पारदर्शी रूप से उपलब्ध कराना है। *क्यूआर से कैसे मिलेगी जानकारी?* जिला प्रशासन द्वारा सभी ग्राम पंचायतों और प्रमुख स्थानों पर क्यूआर कोड चस्पा किए जा रहे हैं। इस क्यूआर कोड को हर नागरिक अपने मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन करेगा सकेगा। उसके मोबाइल में उस ग्राम पंचायत के विगत 3 वर्षों के सभी कार्यों की सूची खुल जाएगी। जानकारी सीधे नरेगा सॉफ्ट सर्वर से जुड़ी होगी, जिससे डेटा पूरी तरह प्रमाणिक और वास्तविक होगा। *क्या-क्या जानकारी मिलेगी क्यूआर कोड से?* क्यूआर कोड से ग्राम पंचायत में हुए निर्माण कार्यों का पूरा ब्यौरा मिलेगा। मजदूरी भुगतान एवं सामग्री भुगतान की स्थिति की जानकारियां मिलेगी। रोजगार पाने वाले मजदूरों की संख्या की जानकारियां होगी।परिसंपत्तियों एवं आधारभूत ढांचे के निर्माण की जानकारी रहेंगी। कार्यों से जुड़ी अन्य वित्तीय एवं भौतिक जानकारी होगी। साथ ही नागरिकों के लिए टोल फ्री नंबर भी उपलब्ध रहेगा। *ग्रामीणों को होने वाला सीधा लाभ* कबीरधाम जिले में वर्तमान में 4,35,035 से अधिक ग्रामीण मनरेगा योजना में पंजीकृत हैं। अब तक उन्हें कार्यों से संबंधित केवल निर्माण स्थल पर लगे नागरिक सूचना पटल से सीमित जानकारी मिलती थी। लेकिन अब कोई भी ग्रामीण या उनका परिवारजन मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन कर विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकेगा। उन्हें जानकारी लेने के लिए न जनपद पंचायत जाना होगा और न जिला कार्यालय। पारदर्शिता के साथ-साथ ग्रामीणों का समय और संसाधन दोनों की बचत होगी। योजना की जवाबदेही सीधे जनता के हाथों में होगी। *बॉक्स समाचार* मनरेगा से जुड़े ग्रामीणों का आंकड़ा (कबीरधाम जिले में पंजीकृत) • जनपद पंचायत बोड़ला – 1,25,607 • जनपद पंचायत कवर्धा – 99,260 • जनपद पंचायत सहसपुर-लोहारा – 92,917 • जनपद पंचायत पंडरिया – 1,17,251 कुल – 4,35,035 पंजीकृत ग्रामीण *पारदर्शिता और जनभागीदारी की दिशा में क्रांतिकारी बदलाव :- कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा* कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने बताया जानकारी देते हुए बताया कि जनहितकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही प्रशासन का प्रमुख आधार है। सूचना का अधिकार अधिनियम पहले से प्रभावी है, लेकिन अब तकनीक के उपयोग से सूचनाएं और अधिक सरल, त्वरित एवं सुलभ हो रही हैं। ग्रामीण अपने गांव में ही लगे क्यूआर कोड को स्कैन कर योजना से जुड़े कार्यों का पूरा लेखा-जोखा तुरंत प्राप्त कर सकेंगे। जिला कार्यालय तक आने की आवश्यकता नहीं होगी। यह पहल सुशासन और जनभागीदारी की दिशा में क्रांतिकारी बदलाव है। *अब सीधे मोबाइल पर उपलब्ध होगी सभी जानकारियां:- जिला पंचायत सीईओ* जिला पंचायत श्री अजय त्रिपाठी ने बताया कि मनरेगा कार्यों की जानकारी अब सीधे मोबाइल पर उपलब्ध होगी। जिले में क्यूआर कोड चस्पा करने का काम तेज़ी से चल रहा है और आगामी 2-3 दिनों में यह कार्य पूरा हो जाएगा। हमारा लक्ष्य है कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में ही नहीं बल्कि प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर भी एक से अधिक क्यूआर कोड लगाए जाएं, ताकि हर ग्रामीण तक योजना की पारदर्शी जानकारी आसानी से पहुँच सके। समाचार क्रमांक-963/गुलाब डड़सेना फ़ोटो क्रमांक,01,02,03

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